#मिर्जापुर उत्तर प्रदेश में आरक्षी नागरिक पुलिस के पदो पर सीधी भर्ती परीक्षा सकुशल सम्पन्न जिलाधिकारी ने सकुशल व नकल विहीन परीक्षा सम्पन्न कराने के दृष्टिगत कई परीक्षा केन्द्रो का किया निरीक्षण

जनपद में कुल 21 परीक्षा केन्द्रो पर दो पालियों में आयोजित की गयी परीक्षा

जिलाधिकारी ने सकुशल व नकल विहीन परीक्षा सम्पन्न कराने के दृष्टिगत कई परीक्षा केन्द्रो का किया निरीक्षण

मीरजापुर 17 फरवरी 2024- उत्तर प्रदेश पुलिस आरक्षी नागरिक पुलिस भर्ती परीक्षा-2024 जनपद में सकुशल व शान्तिपूर्ण सम्पन्न कराया गया। शान्तिपूर्ण व नकल विहीन परीक्षा सम्पन्न कराने के दृष्टिगत जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने जनपद में भ्रमण कर कई परीक्षा केन्द्रो का निरीक्षण किया। प्रथम पाली की परीक्षा में निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने पुलिस लाइन में स्थापित परीक्षा कंट्रोल रूम में भी जाकर व्यवस्थाओं को देखा तदुपरान्त कोषागार के डबल लाक में भी पहंुचकर व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया गया। द्वितीय पाली में जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने ग्रामीण क्षेत्र के सावित्री इण्टर कालेज जमुनहिया, आर्दश इण्टर कालेज विसुन्दरपुर तथा नगरीय क्षेत्र में राजकीय इण्टर कालेज महुवरिया में पहंुचकर परीक्षा केन्द्र का निरीक्षण किया गया तथा केन्द्र व्यवस्थापको/प्राचार्यो को आवश्यक दिशा निर्देश दिया गया। इसके अतिरिक्त अपर जिलाधिकारी वि0/रा0 शिव प्रताप शुक्ल सहित अन्य उप जिला मजिस्ट्रेट के द्वारा भी अपने-अपने क्षेत्रो में परीक्षा केन्द्र पर भ्रमणशील रहकर निरीक्षण किया गया।
जिला विद्यालय निरीक्षक अमर नाथ सिंह ने दोनो पालियो की परीक्षाओ के समाप्त होने के पश्चात बताया कि जनपद में कुल 21 परीक्षा केन्द्रो पर आयोजित प्रथम पाली में 9672 पंजीकृत परीक्षार्थियो के सापेक्ष 9262 परीक्षार्थी उपस्थित व 410 अनुपस्थित रहें इसी प्रकार द्वितीय पाली में कुल पंजीकृत 9672 परीक्षार्थियों में 9296 उपस्थित व 376 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहें।

उत्तर प्रदेश में आरक्षी नागरिक पुलिस के पदो पर सीधी भर्ती परीक्षा सकुशल सम्पन्न

जनपद में कुल 21 परीक्षा केन्द्रो पर दो पालियों में आयोजित की गयी परीक्षा

जिलाधिकारी ने सकुशल व नकल विहीन परीक्षा सम्पन्न कराने के दृष्टिगत कई परीक्षा केन्द्रो का किया निरीक्षण

मीरजापुर 17 फरवरी 2024- उत्तर प्रदेश पुलिस आरक्षी नागरिक पुलिस भर्ती परीक्षा-2024 जनपद में सकुशल व शान्तिपूर्ण सम्पन्न कराया गया। शान्तिपूर्ण व नकल विहीन परीक्षा सम्पन्न कराने के दृष्टिगत जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने जनपद में भ्रमण कर कई परीक्षा केन्द्रो का निरीक्षण किया। प्रथम पाली की परीक्षा में निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने पुलिस लाइन में स्थापित परीक्षा कंट्रोल रूम में भी जाकर व्यवस्थाओं को देखा तदुपरान्त कोषागार के डबल लाक में भी पहंुचकर व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया गया। द्वितीय पाली में जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने ग्रामीण क्षेत्र के सावित्री इण्टर कालेज जमुनहिया, आर्दश इण्टर कालेज विसुन्दरपुर तथा नगरीय क्षेत्र में राजकीय इण्टर कालेज महुवरिया में पहंुचकर परीक्षा केन्द्र का निरीक्षण किया गया तथा केन्द्र व्यवस्थापको/प्राचार्यो को आवश्यक दिशा निर्देश दिया गया। इसके अतिरिक्त अपर जिलाधिकारी वि0/रा0 शिव प्रताप शुक्ल सहित अन्य उप जिला मजिस्ट्रेट के द्वारा भी अपने-अपने क्षेत्रो में परीक्षा केन्द्र पर भ्रमणशील रहकर निरीक्षण किया गया।
जिला विद्यालय निरीक्षक अमर नाथ सिंह ने दोनो पालियो की परीक्षाओ के समाप्त होने के पश्चात बताया कि जनपद में कुल 21 परीक्षा केन्द्रो पर आयोजित प्रथम पाली में 9672 पंजीकृत परीक्षार्थियो के सापेक्ष 9262 परीक्षार्थी उपस्थित व 410 अनुपस्थित रहें इसी प्रकार द्वितीय पाली में कुल पंजीकृत 9672 परीक्षार्थियों में 9296 उपस्थित व 376 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहें।

सुमन नेगी उर्फ शब्बो की ‘ धाकड़ हीरोइन ‘ फ़िल्म की शूटिंग हुई ख़त्म जल्द होगी रिलीज …फ़िल्म जॉर्नलिज्म का हिस्सा : पत्रकार वसीम मंसूरी

सुमन नेगी उर्फ शब्बो की ‘ धाकड़ हीरोइन ‘ फ़िल्म की शूटिंग हुई ख़त्म जल्द होगी रिलीज …

फ़िल्म जॉर्नलिज्म का हिस्सा : पत्रकार वसीम मंसूरी



नई दिल्ली। किरन प्रोडक्शन प्रा. लि० बैनर तले बन रही फिल्म ” धाकड़ हीरोइन” तथा ‘ रूह ‘ की शूटिंग हुई पूरी ईद पर रिलीज होगी। लव स्टोरी , रोमांस , एक्शन , हँसी मजाक का तड़का लगा हैं। फ़िल्म की शूटिंग दिल्ली , नोएडा , गाजियाबाद, मेरठ , मुज़फ़्फ़रनगर , हापुड़ आदि क्षेत्र में हुई।

समाज को बहेतर बनाने के लिए फ़िल्म ‘ रूह ‘ , ‘ धाकड़ हीरोइन ‘ की कहानी को भूपेंद्र तितोरिया ने अपनी पैनी धारदार कलम से लिखी जो समाज को बढ़ी बुराइयों को काट सके। दोनों फिल्मों की कहानी बड़ी ही रोमांचक हैं। बताया कि गत दिनों फ़िल्म ‘ वैक्सीन लगाओ , कोरोना भगाओ ‘ को महाराष्ट्र के राज्यपाल ने राजभवन में सम्मानित किया हैं। फिल्मों के माध्यम से समाज मे सरकार की नीतियों व सामाजिक सन्देश पहुँचना हैं।

फ़िल्म को सजाने – सवारने में की गुफ्तगू में लगे रहते हैं ,सैकड़ो फिल्मों का डेरेक्शन करने वाले धर्मेश जेटली किसी भी परिचय के महोतज नही हैं। बताया कि मॉलीवुड फिल्में देखते हैं, तो आपना कल्चर याद आता हैं। जो व्यक्ति कार्यो के लिए विदेश में व देश के बॉर्डर पर सेवा दे रहे हैं। फ़िल्म देखने के बाद महसूस करते हैं कि हम विदेश या बॉर्डर पर नही आपने परिवार में हैं। मॉलीवुड फिल्में समाज को एक सन्देश छोड़ जाती हैं। परिवार के साथ बैठकर देखने मे भी कोई गुरेज नही हैं। बताते चलें कि यूट्यूब पर हरियाणवी फिल्मों को देखने वाले दर्शकों की संख्या करोड़ों में है।

बुलंदियों पर सुनहरे अक्षरों में अपना व हरियाणा फ़िल्म इंडस्ट्री का नाम लिखने वाली सैकड़ो फिल्मों में अपनी अदाओं का जलवा बिखेर चुकी । फ़िल्म ‘ रूह ‘ व ‘धाकड़ हीरोइन’ में भी सुपरस्टार अभिनेत्री सुमन नेगी उर्फ सब्बो दर्शकों के चेहरों पर खुशी लाएगी। मुख्य अभिनय अमित शर्मा तथा भूपेन्द्र तितोरिया डारेक्टर क्या होता हैं उसका एहसान दिलाएंगे।
पत्रकार वसीम मंसूरी ने कहा कि मेरा प्रोफेशन जॉर्नलिज्म हैं। शोषित वर्ग की आवाज को समाज व सरकार तक पहुँचना मकसद होता हैं। वही फिल्में भी यही संदेश देती हैं। फिल्मी इंडस्ट्री भी जॉर्नलिज्म का हिस्सा हैं। ‘ धाकड़ हीरोइन ‘ फ़िल्म में ईमानदार पत्रकारिता के दम पर दुश्मनों के हौंसले पस्त करने का काम किया।

गायत्री देवी , इंशा खान , नवीन भाटी , मधु झा , जानवी धाकड़ , निखिल जोशिया के अलावा दर्जनो कलाकारों ने अपनी कला का लोहा मनवाया। फ़िल्म के निर्माता – निर्देशक शकील अमरोही , प्रड्यूसर सुमन नेगी उर्फ शब्बो , भूपेंद्र तितोरिया रहे। कैमरामैन विजय तथा मैकप रिंकू रंगीला, रचना राजपूत रहे।

सुमन नेगी उर्फ शब्बो ने बताया कि मॉलीवुड फ़िल्म ‘ धाकड़ हीरोइन ‘ से समाज को प्रेरणा मिलेगी। फ़िल्म में दर्शाया कि महिलाओं को किसी पर भी अंध विश्वास नही करना चाहिए। एक कामयाब महिला को विश्वास में लेकर उसका भरोसा तोड़ दिया जाता हैं।इसलिए दिखाया गया हैं कि विश्वास इतना करो कि जो निभाया जा सके। जब बेटियाँ शिक्षित होने लगे तो समझ लेना की देश , समाज तरक्की उन्नति की तरफ जा रहा हैं।
आपको बता दे कि जो समाज मे छोटे – बड़ी घटनाए घटी होती हैं , उन स्टोरी को तैयार कर फ़िल्म के माध्यम से समाज को आईना दिखाने का प्रयास किया जाता हैं, ताकि समाज मे जागरूकता बढ़े, समाज को जागरूक होना पड़ेगा। नही तो कुछ तथाकथित गन्दे व्यक्ति समाज को धूमिल करने का काम करेंगे। हमे अपनी जिम्मेदारी का निर्वाह करते हुए बुराइयों से लड़ना होगा।

कृष्णा यादव “पुजारी” की पुलिस हिरासत में मौत मामले में अदालत ने कोतवाल समेत नौ पुलिसकर्मियों का वारंट जारी किया। सभी पुलिसकर्मी चल रहे हैं फरार।

थानाध्यक्ष समेत नौ पुलिस कर्मियों के खिलाफ वारंट जारी

जौनपुर। सीजेएम कोर्ट ने आज बक्शा थाने के तत्कालीन थानाध्यक्ष समेत नौ पुलिस कर्मियों के खिलाफ वारंट जारी किया है। सभी पुलिस घटना के बाद निलंबित होने के बाद फरार चल रहे है। सीजेएम ने आदेश बीते 11 फरवरी को बक्शा पुलिस की कस्टडी हुई पुजारी यादव के मौत के मामले में दी है। इस केश की विवेचना कर रहे सीओ बदलापुर ने कोर्ट में प्रार्थना पत्र दिया कि कई स्थानों पर दबिश देने के बाद आरोपी पुलिस कर्मियों का पता नही चल रहा है। जिसके कारण विवेचना प्रभावित हो रही है। 

 आरोपित बनाए गए तत्कालीन थानाध्यक्ष अजय कुमार सिंह, एसओजी प्रभारी पर्व कुमार सिंह, कांस्टेबल कमल बिहारी बिंद, जितेंद्र सिंह, राजकुमार वर्मा, श्वेत प्रकाश सिंह, राजन सिंह, जयशील प्रसाद तिवारी, अंगद प्रसाद चौधरी के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया जाए। इस पर कोर्ट ने सभी के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया। 

 बक्सा थाना क्षेत्र के चक मिर्जापुर निवासी अजय कुमार यादव ने सभी के खिलाफ एफआइआर दर्ज कराया कि 11 फरवरी 2021 को दिन में बजे एसओजी टीम व थानाध्यक्ष अजय कुमार सिंह फोर्स के साथ मेरे घर पर आए और मेरे भाई कृष्ण कुमार यादव उर्फ पुजारी को पकड़कर थाने ले गए। मेरे भाई के विरुद्ध कोई आपराधिक मुकदमा किसी थाने में दर्ज नहीं था। पुलिस कर्मी भाई को फर्जी मुकदमे में फंसाने की नीयत से थाने पर बैठाए थे। रात आठ बजे थानाध्यक्ष अजय कुमार सिंह व करीब दस की संख्या में पुलिसकर्मी वादी के घर में घुसकर बक्से का ताला तोड़कर 60000 रुपये व सामान उठा ले गए। मना करने पर महिलाओं को गालियां दी।

गाय को घोषित किया जाए राष्ट्रीय पशु, किसी को नहीं इसे मारने का अधिकार: हाई कोर्ट

गाय को घोषित किया जाए राष्ट्रीय पशु, किसी को नहीं इसे मारने का अधिकार: हाई कोर्ट

गौ माता राष्ट्र माता



इलाहाबाद हाईकोर्ट ने वैदिक, पौराणिक, सांस्कृतिक महत्व व सामाजिक उपयोगिता को देखते हुए गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने का सुझाव दिया है। कोर्ट ने कहा कि भारत में गाय को माता मानते हैं। यह हिंदुओं की आस्था का का विषय है। आस्था पर चोट से देश कमजोर होता है। कोर्ट ने कहा गो मांस खाना किसी का मौलिक अधिकार नहीं है। जीभ के स्वाद के लिए जीवन का अधिकार नहीं छीना जा सकता। बूढ़ी बीमार गाय भी कृषि के लिए उपयोगी है। इसकी हत्या की इजाजत देना ठीक नहीं। यह भारतीय कृषि की रीढ़ है।कोर्ट ने कहा पूरे विश्व में भारत ही एक मात्र देश है जहां सभी संप्रदायों के लोग रहते हैं। पूजा पद्धति भले ही अलग हो, सोच सभी की एक है। एक दूसरे के धर्म का आदर करते हैं। कोर्ट ने कहा गाय को मारने वाले को छोड़ा तो फिर अपराध करेगा। कोर्ट ने संभल के जावेद की जमानत अर्जी खारिज कर दी है।
यह आदेश न्यायमूर्ति शेखर कुमार यादव ने दिया है।

सीएम पर अभद्र टिप्पणी करने वाले पर एफआईआर दर्ज

सीएम पर अभद्र टिप्पणी करने वाले पर एफआईआर दर्ज
बदलापुर। हिन्दू युवा वाहिनी के मुख्य संरक्षक प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर अमर्यादित टिप्पणी किये जाने के आरोप में पुलिस एक पर केस दर्ज कर जांच पड़ताल में जुटी है! सोमवार को हिंदू युवा वाहिनी के बारह से अधिक आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने प्रभारी निरीक्षक को पत्रक सौंप कर सम्बन्धित पर एफआईआर दर्ज कराने की मांग किया था । हिंदू युवा वाहिनी के रामकृष्ण सिंह के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार मिश्र से मिलकर आरोप लगाया था कि राकी बादशाह नाम से फेसबुक पर आईडी चला कर वार्ड नंबर 13 पुरानी बाजार निवासी मुस्ताक जोगी पुत्र पप्पू जोगी ने मुख्यमंत्री एवं हिंदू युवा वाहिनी के संरक्षक योगी आदित्यनाथ पर अमर्यादित भाषा का प्रयोग किया है। जिसको लेकर हिंदू युवा वाहिनी सहित अन्य लोगों में भारी आक्रोश व्याप्त है। हिंदू युवा वाहिनी के कार्यकर्ताओं ने पुलिस से प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए केस दर्ज कर कठोर कार्रवाई किए जाने की मांग किया था । प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार मिश्रा ने बताया कि सम्बंधित के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर उसकी गिरप्तारी के लिए टीम गठित की गयी है!

#बांदा आपकी इमानदार कार्य शैली पर शक नही है आत्माराम त्रिपाठी की ✍🏻से

आपकी इमानदार कार्य शैली पर शक नही है
आत्माराम त्रिपाठी की ✍🏻से
बांदा मंडल एव जनपद को काफी समय के बाद एक योग्य प्रशासक मिले जिनकी कार्य शैली पर शक करना बेइमानी होगी।किंतु जब उन्ही के अधिकारी कर्मचारियो द्वारा उनकी छबि को ठेस लगाने हेतु कमर कसी जा चुकी हो तो आमजन क्या कर सकता है? आज चारो तरफ आमजन मे एक ही चर्चा परिचर्चाएं है मुद्दतों के बाद उन्हे अपने मंडल मे एक स्वच्छ छबि वाले व म्रदुभाषी सबकी सुनने वाले सबके साथ न्याय करने वाले मंडलायुक्त,पुलिस उपमहानिरीक्षक मिले इसी तरह जनपद मे जिलाधिकारी एंव पुलिस अधीक्षक।जो सबको सुन रहे है सबको समय से न्याय दिलाने की कोशिस भी करते है।इसी तरह स्वास्थ विभाग मे देखा जाए तो मेडिकल कॉलेज बांदा मे एक से बढकर एक सुयोग्य डाक्टरो की टीम है जिनके व्योहार से यह नही लगता की वह पराए है एकदम देवदूत फरिस्तो की तरह रोगी को रोगमुक्त करने का प्रयास करते है मै अगर किसी एकाध डाक्टरो की प्रशंसा करू तो वह मेरी चापलूसी कहलाएगी लेकिन मै ऐसा आज नही करूंगा इतना जरूर कहूंगा की वह बधाई के पात्र है।मेडिकल कालेज बांदा मे कुछ खामी है जिसके कारण साफ सफाई अव्यावस्थित है इसके लिए सफाई कर्मी दोषी नही है बल्कि मारीजो के साथ पहुच रहे उनके तीमारदार है जो मैने स्वंय देखा डेस्टविन रखे है कचडा वासवेसिन मे डाला जाता है पीकदान है पर फर्श एंव रोशनदानो को पीकदान बना दिया जाता है।
अब हम बात करते है छबि पर जनपद के नरैनी महुआ ब्लाक मे स्वंय सहायता समूह के द्वारा दीदीओं के माध्यम से 06वर्ष के बच्चो व गर्भवती महिलाओं को पौष्टिक आहार वितरण किया जाता है।पर यंहा जिन्हे डी एम एम की उपाधि मिली हुई है वह इस पौष्टिक आहार को पूरा हजम कर जाता है और डकार भी नही लेता पीडित स्थानिय प्रशासनिक अधिकारियो से सिकायत करता है तो समझौता करने की बात कही जाती है सो समझ मे नही आता समझौता व्यवस्था के साथ है य भ्रष्टाचार भ्रष्टाचारियों से करना है।
आज इस लचर व्यवस्था के चलते आमजन को मिलने वाली सुबिधा इन भ्रष्टाचारियों के जेब मे जा रही है और बदनाम हो रहे जनपदीय आला अधिकारी गलत यंहा हो रहा है छबि खराब हो रही जनपदीय आला अधिकारियो की।
इसी तरह पुलिस विभाग मे है पुलिस अधीक्षक का लगातार प्रयास है की उनका जनपद भय मुक्त हो युवा वर्ग को नशा के आगोस मे जाने से कैसे बचाएं इसके लिए उन्होने अबैध मादक पदार्थों की तस्करी करने वालो के बिरूद्ध अभियान छेडा जिसमे उन्हे काफी हद तक सफलता भी मिली करोडो रूपए के मादक पदार्थों की बरामदी व तस्करो को गिरफ्तार कर जेल भेजना इस बात के सबूत है पर यह बरामदगी इस बात का भी सबूत है की उनके जनपद मे नशीले पदार्थों की तस्करी करने वालो का एक बडा नेटवर्क है जिसे कंही न कंही उन्ही के अधिकारी कर्मचारियो का व आबकारी विभाग का संरक्षण प्राप्त है जो उनकी छबि को धूमिल करने मे पीछे नही रहते है।
आज सबसे बिकट दयनीय स्थित शिक्षा विभाग की है इनके मुखिया से कोई जानकारी मांगी जाए तो बताने मे आनाकानी करते है विद्यालय कब खुलना व बंद होना चाहिए अध्यापको को विद्यालय कब उपस्थित दर्ज करानी चाहिए और कब जाना चाहिए बताने मे अपनी तौहीन समझते है यही नही विद्यालयो की कमियों को इनकी अकर्मंडता कोई कलमकार न देखे इसके लिए इन्होने विद्यालयो मे कलमकारो के प्रबेश पर अपने मातहतो को मौखिक आदेश दे रोक लगा दी है। कुछ का कहना है की इन्होने ऐसा लिखित आदेश जारी कर दिया है किंतु हमारे पास ऐसे किसी आदेश की कोई प्रति नही है इसलिए हम दावे के साथ नही कह सकते है की ऐसा तुगलकी फरमान जारी हो चुका है।

केराकत: गैंगरेप घटना में राजफाश का कप्तान ने दिया आश्वासन दो संदिग्धों को पुलिस ने लिया हिरासत में

गैंगरेप घटना में राजफाश का कप्तान ने दिया आश्वासन

दो संदिग्धों को पुलिस ने लिया हिरासत में

केराकत 3जून क्षेत्र के ग्राम रामपुर भौरा में बदमाशों द्वारा दो महिलाओं के साथ किये गए गैंगरेप की सूचना पर पीड़िता के घर पहुँच मामले की जाँच पड़ताल किया। कप्तान राजकरन नैयर के निर्देश पर महिला थाना प्रभारी तारा देवी ने दोनों पीड़िताओं का मेडिकल मुआयना कराने हेतु जिला चिकित्सालय लेकर चली गयी। वही कप्तान ने घटना का जल्द राजफाश करने का निर्देश अपने मातहतों को देकर चले गये। गैंगरेप की घटना का राजफाश करने हेतु क्षेत्राधिकारी शुभम तोदी व प्रभारी निरीक्षक त्रिवेणी लाल सेन ने दो संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। गाँव मे शान्ति व्यवस्था के मद्देनजर थाना प्रभारी चन्दवक संजय सिंह व थानाप्रभारी जलालपुर समेत सर्किल के चारो थाने के इन्चार्ज भारी संख्या में पुलिस बल के साथ मौके पर तैनात नजर आये। वही शाम तक फिंगर प्रिंट एक्सपर्ट भी मौके पर पहुँच साक्ष्य जुटाने में मशगूल रहे।

#लखनऊ : प्रतापगढ़ में पत्रकार की संदिग्ध मौत से प्रदेश के पत्रकार आक्रोशित हैं आंदोलित हैं आत्माराम त्रिपाठी की रिपोर्ट।।

प्रतापगढ़ में पत्रकार की संदिग्ध मौत से प्रदेश के पत्रकार आक्रोशित हैं आंदोलित हैं आत्माराम त्रिपाठी की रिपोर्ट।।

लखनऊ।। प्रतापगढ़ में एबीपी न्यूज़ चैनल के पत्रकार सुलभ श्रीवास्तव की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई वह अर्धनग्न घायल अवस्था में शहर कोतवाली क्षेत्र के कटरा रोड स्थित एक एक भट्टे पर पड़े मिले। प्रतापगढ़ के कटरा मेदनीगंज में एबीपी न्यूज़ चैनल के पत्रकार सुलभ श्रीवास्तव उम्र 45 रविवार रात संदिग्ध हाल में मृत पड़े मिले घटना तब हुई जब वह समाचार कवरेज करके लालगंज से बाइक से घर लौट रहे थे उनके सिर पर हल्की चोट के निशान मिले हैं लेकिन देर रात तक यह स्पष्ट नहीं हो सका था कि उनकी मौत कैसे हुई खास बात यह है कि 1 दिन पहले ही उन्होंने आला पुलिस अधिकारियों को पत्र भेजकर अपनी जान को खतरा बताया था पुलिस का कहना है कि जांच पड़ताल की जा रही है। सुलभ श्रीवास्तव प्रतापगढ़ में थाना कोतवाली नगर के स्टेशन रोड स्थित सदरपुर पश्चिम के रहने वाले थे वह प्रतापगढ़ जिला संवाददाता के रूप में कार्यरत थे। रविवार शाम वह लालगंज क्षेत्र में अपराधियों को पकड़े जाने की कार्यवाही की कवरेज में गए थे रात 10:30 बजे के करीब वह साथियों समेत घर लौट रहे थे कटरा मेदनीगंज पहुंचने पर अन्य साथी पीछे थे जबकि बाइक की गति तेज होने के कारण वह मोबाइल पर बात करते हुए थोड़ा आगे निकल गए उसके बाद साथी पहुंचे तो वह सड़क किनारे मृत पड़े मिले उनके सिर पर हल्की चोट के निशान थे। सूचना पर पुलिस भी आ गई जांच पड़ताल के बाद शव को मर्चरीभिजवा दिया गया। सुलभ ने एक दिन पहले ही एडीजी प्रयागराज जोन को शिकायती पत्र भेजकर अपनी व अपने परिवार की जान को खतरा बताया था इसमें बताया था कि पिछले दिनों प्रतापगढ़ जनपद के विभिन्न थाना क्षेत्रों में अवैध शराब का जखीरा पकड़े जाने की घटना का कवरेज उन्होंने किया था इसके बाद 9 जून को न्यूज़ चैनल के क्रिस्टल प्लेटफार्म पर एक खबर भी चलाई थी जिसे लेकर कुछ लोगों ने बताया था कि शराब माफिया उस खबर को लेकर उनसे नाराज है पत्र में यह भी बताया गया था कि पिछले 2 दिनों से जब भी वह घर से बाहर निकलते हैं तो ऐसा प्रतीत होता है कि कोई उनका पीछा कर रहा है ऐसे में उन्हें लगता है कि कुछ शराब माफिया जो उनकी खबर से नाखुश हैं उन्हें या उनके परिवार को नुकसान पहुंचा सकते हैं उनका परिवार भी डरा सहमा है!
इसी घटना क्रम में कांग्रेस पार्टी की महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने उत्तर प्रदेश सरकार पे हमला बोलते हुए कहा है कि शराब माफियाओं का प्रतापगढ़ से लेकर पूरे प्रदेश में मौत का तांडव कर रहे हैं और रुपी सरकार चुप पत्रकार सच्चाई को सामने लाने कार्य कर रहे हैं प्रशासन को खतरे से आगाह करते हैं और सरकार कुंभकर्णी नींद में सो रही है। उन्होंने आगे कहा कि पत्रकार सुलभ श्रीवास्तव के परिजनों का कोई जवाब है सरकार के पास।
दूसरी तरफ सुलभ श्रीवास्तव पत्रकार की संदिग्ध मौत उनके द्वारा बरिष्ठ अधिकारियों को दिए गए पत्र व उस पत्र में अपने व अपने परिवार को जान के खतरे से आगाह करने के कारण पत्रकारो में दुख के साथ क्रोध भी छाया हुआ है पत्रकारों का पत्र के आधार पर माफियाओं द्वारा सुलभ श्रीवास्तव की सुनियोजित तरीके से की गई हत्या लगती है इसी कारण हर पत्रकार आक्रोशित हैं आंदोलित है।